Hot Posts

6/recent/ticker-posts

इटखोरी के मुहाने नदी की छाती पर ट्रैक्टर : थाने के सामने से थर-थर कांपती नदी, प्रशासन सोया, माफिया बेखौफ



भद्रकाली मंदिर गेट से महज 100 मीटर पर इटखोरी थाना, वहीं से निकल रहा अवैध बालू का काफिला

डेली खबर 99 डेस्क, रांची 

इटखोरी/चौपारण (हजारीबाग) - झारखंड का प्रसिद्ध शक्तिपीठ, जहां माता भद्रकाली स्वयं विराजमान हैं और जहां प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु शीश झुकाने आते हैं, उसी मंदिर के ठीक बगल में बहने वाली मुहाने नदी आज माफियाओं की चपेट में है।

खबर के पास 6 तस्वीरों के पुख्ता सबूत हैं - जिसमें अलग-अलग नंबर के लाल और सफेद ट्रैक्टर दिन के उजाले में मुख्य सड़क से ओवरलोड बालू लेकर फर्राटा भर रहे हैं। एक ट्रैक्टर का नंबर स्पष्ट रूप से JH-02BL-1605 दिखाई दे रहा है। ये सभी ट्रैक्टर वही रास्ता इस्तेमाल कर रहे हैं जो इटखोरी थाना और भद्रकाली मंदिर के मुख्य द्वार के सामने से गुजरता है। सवाल ये है कि क्या बिना स्थानीय मिलीभगत के, थाने के सामने से रोज 100-200 ट्रिप अवैध बालू का निकलना संभव है? 

NGT के आदेश को कैसे रौंदा जा रहा है - इस अवैध खनन में सीधे-सीधे 4 बड़े कानून टूट रहे हैं -NGT आदेश 2016 और 2020 का उल्लंघन: सुप्रीम कोर्ट का स्पष्ट आदेश है - नदी के बहाव क्षेत्र में जेसीबी से खनन नहीं होगा, 3 मीटर से गहरा गड्ढा नहीं होगा, और नदी के किनारे से 50 मीटर तक कोई खनन नहीं। मुहाने नदी में इन सभी की धज्जियां उड़ रही हैं। झारखंड माइनर मिनरल रूल 2004: बिना खनन विभाग के ई-चालान (जिसमें QR कोड, घाट का नाम, समय, मात्रा) के बालू ढोना चोरी है। आपके फोटो में एक भी ट्रैक्टर पर चालान नहीं दिख रहा।पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986: बिना पर्यावरण स्वीकृति (EC) के खनन पर 5 साल की जेल और 1 लाख जुर्माना, रोज के हिसाब से।

खान एवं खनिज अधिनियम धारा 4(1) और 21: अवैध खनन करने और कराने वाले दोनों पर 5 साल तक कठोर कारावास।

शिकायत कहां करें - जनता के लिए जानकारी:

  1. उपायुक्त,हजारीबाग-सह-अध्यक्ष, जिला खनन टास्क फोर्स- जिला खनन पदाधिकारी, हजारीबाग
  2. माननीय NGT, पूर्वी जोन, कोलकाता में ऑनलाइन शिकायत
  3. jharkhandmines.gov.in पर अवैध खनन की फोटो के साथ शिकायत


Post a Comment

0 Comments